दिन ढल चुका था राधा जो Room में ही थी वो अनुपमा के कहने पर रात के खाने के लिए मन के साथ बाहर आ गई थी. समय भी आठ बज रहे थे. इस समय नैन अनुपमा ही थी टेबल पर. सऔर कोई नहीं था हस नैना तो अभी तक राधा से बोली नहीं थी. वही अनुपमा मन के साथ लगी थी. और राधा का ध्यान उस पूरे हाल पर था.
https://storymania.in/SZDbgfbAajpu